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राहुल दुबे और राहुल सिंह गिरोह की बढ़ती पकड़
झारखंड में अपराध की दुनिया में नए समीकरण बनते दिख रहे हैं। अमन साहू गिरोह के टूटने के बाद उसके गुर्गों ने नए गिरोह खड़े कर लिए हैं। राहुल दुबे और राहुल सिंह गिरोह इसका उदाहरण हैं। पुलिस के अनुसार इनकी सक्रियता हाल के दिनों में बढ़ी है। ये गिरोह अब अलग पहचान बना चुके हैं। इनके नेटवर्क कई जिलों में फैले बताए जा रहे हैं। अपराध की शैली भी पहले जैसी ही है।
इन गिरोहों का तरीका डर फैलाकर वसूली करना है। कारोबारी इनके मुख्य निशाने पर हैं। घरों, निर्माण स्थलों और कोल परियोजनाओं में फायरिंग की जाती है। गोली चलाकर लेवी देने का दबाव बनाया जाता है। इससे इलाके में भय का माहौल है। कई परियोजनाओं का काम प्रभावित हुआ है। स्थानीय लोग भी असुरक्षित महसूस कर रहे हैं।
पुलिस इस नेटवर्क को तोड़ने में जुटी है। तकनीकी और खुफिया जांच तेज की गई है। कई संदिग्धों पर नजर रखी जा रही है। प्रशासन का कहना है कि गिरोह के सरगनाओं तक जल्द पहुंचा जाएगा। कानून का शिकंजा कसने की तैयारी है। सुरक्षा बलों को अलर्ट किया गया है। आने वाले दिनों में कार्रवाई तेज हो सकती है।