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पुराने जमीन विवाद को लेकर हत्या की साजिश रचने का आरोप.
रांची जिले के मांडर थाना क्षेत्र में 55 वर्षीय रामू उरांव की हत्या के मामले में पुलिस ने अब तक पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह वारदात 29 अक्टूबर 2026 को टिको टोली गांव में हुई थी। रामू उरांव को गांव में स्थित एक डेयरी के पास गोली मारी गई थी। घटना के बाद पुलिस ने मामले की गंभीरता से जांच शुरू की। शुरुआती जांच में हत्या के पीछे लंबे समय से चला आ रहा जमीन विवाद सामने आया। पुलिस के अनुसार, दोनों पक्षों के बीच करीब दस वर्षों से जमीन को लेकर विवाद चल रहा था। इसी विवाद के कारण हत्या की साजिश रची गई थी। घटना की जानकारी मिलने पर मांडर थाना प्रभारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। खलारी डीएसपी और आसपास के थानों की पुलिस भी घटनास्थल पर पहुंची। पुलिस अधिकारियों ने मौके पर आवश्यक जांच-पड़ताल की। मामले की गंभीरता को देखते हुए रांची एसएसपी ने विशेष जांच टीम गठित करने का निर्देश दिया। एसपी ग्रामीण के नेतृत्व में एसआईटी का गठन किया गया। खलारी डीएसपी की अगुवाई में टीम ने जांच की जिम्मेदारी संभाली। एसआईटी ने साक्ष्यों और पूछताछ के आधार पर आरोपियों की तलाश शुरू की। इस कार्रवाई में सबसे पहले तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया।
गिरफ्तार किए गए पहले तीन आरोपियों में राम जनम सिंह शामिल है। तेज नारायण सिंह उर्फ तेजना सिंह को भी पुलिस ने पकड़ा। तीसरे आरोपी धुरवा सिंह उर्फ धुरू सिंह की गिरफ्तारी हुई। इसके बाद पुलिस ने अन्य आरोपियों की तलाश जारी रखी। एक नवंबर को ठाकुरगांव थाना क्षेत्र में कार्रवाई करते हुए दो और लोगों को गिरफ्तार किया गया। पकड़े गए आरोपियों की पहचान कुलदीप सिंह और राजेश सिंह के रूप में हुई। इन दोनों की गिरफ्तारी के साथ मामले में कुल पांच आरोपी पुलिस की गिरफ्त में आ गए। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने जमीन विवाद को हत्या की वजह बताया। पुलिस के मुताबिक, उन्होंने साजिश रचकर रामू उरांव की हत्या करने की बात स्वीकार की है। सभी पांच गिरफ्तार आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। हालांकि, पुलिस की जांच अभी जारी है। वारदात में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है। उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस की ओर से लगातार छापेमारी की जा रही है।