rims representation image
15 सितंबर से शुरू होगी नए बैच की पढ़ाई.
रिम्स में एमबीबीएस के नए सत्र की पढ़ाई 15 सितंबर से शुरू होगी। संस्थान में नए बैच के स्वागत और पढ़ाई को लेकर तैयारी की जा रही है। मेडिकल कॉलेज में पहले चरण की काउंसलिंग पूरी हो चुकी है। इसके बाद राज्य कोटे के चयनित विद्यार्थियों का नामांकन भी पूरा हो गया है। सेंट्रल कोटे के विद्यार्थियों के दाखिले की प्रक्रिया अभी जारी है। एनएमसी की गाइडलाइन के मुताबिक 15 सितंबर से शैक्षणिक गतिविधियां शुरू होंगी। नियमित पढ़ाई से पहले विद्यार्थियों को फाउंडेशन कोर्स कराया जाएगा। यह कोर्स करीब दो सप्ताह तक संचालित किया जाएगा। फाउंडेशन कार्यक्रम में विद्यार्थियों को कॉलेज से जुड़ी आवश्यक जानकारी दी जाएगी। इस दौरान उन्हें मेडिकल शिक्षा की प्रक्रिया से परिचित कराया जाएगा।
विद्यार्थियों को संस्थान के नियम और अनुशासन के बारे में बताया जाएगा। उन्हें पढ़ाई के निर्धारित तरीके की जानकारी भी दी जाएगी। नए माहौल में बेहतर तरीके से आगे बढ़ने के लिए यह कोर्स महत्वपूर्ण होगा। रिम्स में इस वर्ष एमबीबीएस की 250 सीटें उपलब्ध हैं। पहली बार संस्थान में 250 सीटों पर विद्यार्थियों का नामांकन हुआ है। राज्य में रिम्स ऐसा एकमात्र मेडिकल कॉलेज है जहां इतनी सीटें हैं। सीटों की संख्या बढ़ने से इस वर्ष मेडिकल विद्यार्थियों की संख्या भी बढ़ेगी। इससे नए सत्र में अधिक विद्यार्थियों को चिकित्सा शिक्षा का अवसर मिलेगा। राज्य कोटे के तहत दाखिले की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। अब सेंट्रल कोटे के विद्यार्थियों का नामांकन पूरा किया जा रहा है।
सेंट्रल कोटे की प्रवेश प्रक्रिया समाप्त होने के बाद नया बैच पूरा हो जाएगा। इसके बाद सभी चयनित विद्यार्थियों के लिए शैक्षणिक गतिविधियां आगे बढ़ेंगी। रिम्स प्रशासन नए सत्र को सुचारु बनाने की तैयारी में जुटा है। नए विद्यार्थियों को शुरुआती दिनों में संस्थान की व्यवस्था समझाई जाएगी। फाउंडेशन कोर्स इसी उद्देश्य से आयोजित किया जाएगा। इसमें विद्यार्थियों को मेडिकल कॉलेज के वातावरण की जानकारी मिलेगी। पढ़ाई से संबंधित जरूरी दिशा-निर्देश भी उन्हें दिए जाएंगे। 15 सितंबर से नए सत्र की शुरुआत तय कार्यक्रम के अनुसार होगी। बढ़ी हुई सीटों के कारण इस बार रिम्स में विद्यार्थियों की संख्या अधिक रहेगी। नए बैच के साथ संस्थान में एमबीबीएस शिक्षा का दायरा भी बढ़ेगा।