CBI
आय से अधिक संपत्ति मामले में पत्नी सहित दर्ज हुई प्राथमिकी.
केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो ने हजारीबाग स्थित सेंट्रल वेयरहाउसिंग कॉरपोरेशन के एक अधिकारी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। अधिकारी और उनकी पत्नी पर आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने का आरोप लगाया गया है। सीबीआई ने दोनों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया है। एजेंसी का आरोप है कि अधिकारी ने अपने पद का कथित दुरुपयोग किया। जांच के बाद संपत्ति और आय का विस्तृत आकलन किया गया। चल और अचल संपत्तियों से जुड़े दस्तावेजों की जांच की गई। वित्तीय लेनदेन का भी बारीकी से परीक्षण किया गया। प्रारंभिक जांच में कई महत्वपूर्ण तथ्य सामने आए हैं। इसके आधार पर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है। फिलहाल पूरे मामले की जांच जारी है।
सीबीआई के अनुसार संबंधित अधिकारी पहले कथित रिश्वतखोरी के एक मामले में गिरफ्तार किए जा चुके हैं। इसके बाद एजेंसी ने उनकी आर्थिक गतिविधियों की विस्तृत पड़ताल शुरू की। जांच में एक जनवरी 2022 से 24 अप्रैल 2026 तक की अवधि को शामिल किया गया। इस दौरान अधिकारी की वैध आय और कुल खर्च का मिलान किया गया। अधिकारी और उनकी पत्नी के नाम पर दर्ज संपत्तियों का भी मूल्यांकन किया गया। जांच में लगभग 1.11 करोड़ रुपये की ऐसी संपत्ति मिलने का दावा किया गया, जिसका संतोषजनक वैध स्रोत स्पष्ट नहीं हो सका। एजेंसी ने उपलब्ध दस्तावेजों और बैंक रिकॉर्ड का भी परीक्षण किया। इसके बाद दोनों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई। मामले में जांच लगातार आगे बढ़ रही है। एजेंसी सभी तथ्यों का सत्यापन कर रही है।
सीबीआई अब संपत्तियों के वास्तविक स्रोत और निवेश के सभी पहलुओं की जांच कर रही है। बैंक खातों और वित्तीय लेनदेन की भी गहन पड़ताल की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच के दौरान मिले साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई होगी। जरूरत पड़ने पर अन्य संबंधित लोगों से भी पूछताछ की जा सकती है। एजेंसी पूरे मामले में निष्पक्ष और पारदर्शी जांच का दावा कर रही है। सभी दस्तावेजों का कानूनी परीक्षण किया जा रहा है। जांच पूरी होने के बाद अगली प्रक्रिया तय की जाएगी। फिलहाल मामला जांच के अधीन है। सीबीआई ने किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले सभी तथ्यों की पुष्टि करने की बात कही है। मामले को लेकर आगे की कार्रवाई पर सभी की नजर बनी हुई है।